Q1.

राजस्थान के कितने जिलों में सूखा संभावित कार्यक्रम चलाया जा रहा है?

A8

CORRECT ANSWER

check_circle11

C20

D15

EXPLANATION

- राजस्थान के 11 जिलों में सूखा संभावित कार्यक्रम चलाया जा रहा है- अजमेर, बाँसवाड़ा, बाराँ, भरतपुर, डूँगरपुर, झालावाड़, करौली, कोटा, सवाई माधोपुर, टोंक एवं उदयपुर।

Q2.

राजस्थान के कितने जिलों में मरु विकास कार्यक्रम चलाया जा रहा है?

A11

CORRECT ANSWER

check_circle16

C27

D10

EXPLANATION

- राजस्थान के 16 जिलों में मरु विकास कार्यक्रम का क्रियान्वन किया जा रहा है- चूरू, श्रीगंगानगर, बीकानेर, जैसलमेर, बाड़मेर, जोधपुर, जालोर, नागौर, पाली, अजमेर, उदयपुर, राजसमंद, सिरोही, झुंझुनूँ, सीकर व जयपुर।

Q3.

निम्नलिखित में से कौन-सा राजस्थान में मरुस्थलीकरण का कारण नहीं है?

Aवनोन्मूलन

Bवायु अपरदन

CORRECT ANSWER

check_circleसौर ऊर्जा उत्पादन

Dजल प्लावन

EXPLANATION

- राजस्थान में मरुस्थलीकरण के कारण निम्न हैं-
1) निर्वनीकरण
2) वनोन्मूलन
3) भू-क्षरण
4) मृदा अपरदन
5) वायु अपरदन
6) औद्योगिक कचरा
7) संसाधनों का अतिदोहन
8) वनस्पति विनाश
9) जल प्लावन
10) मिट्टी की लवणीयता

Q4.

सूची-I को सूची-II से मिलान कीजिए-
                सूची-I                                         सूची-II

(A) सूखा आंशाकित क्षेत्र कार्यक्रम      1) जिलों के 14 प्रखण्डों में
(B) मरु भूमि विकास कार्यक्रम           2) 11 जिलों में
(C) मगरा क्षेत्र विकास कार्यक्रम          3) 16 जिलों में
(D) सीमा क्षेत्र विकास कार्यक्रम           4) 4 जिलों के 14 उपखण्डों में
कूट:-

A4 3 2 1

B2 3 4 1

C1 2 3 4

CORRECT ANSWER

check_circle2 3 1 4

EXPLANATION

- सूखा आंशाकित क्षेत्र कार्यक्रम - यह राज्य के 11 जिलों के 32 ब्लॉकों में क्रियान्वित है।
- मरु भूमि विकाय कार्यक्रम - राजस्थान के 16 जिलों में क्रियान्वित है।
- मगरा क्षेत्र विकास कार्यमक्रम - मगरा कार्यक्रम राज्य के 5 जिलों की 14 ग्राम पंचायतों में क्रियान्वित है।
- सीमा क्षेत्र विकाय कार्यक्रम – यह राज्य के 4 जिलों के 14 उपखण्डों में कार्यरत है।

Q5.

मगरा क्षेत्रीय विकास कार्यक्रम राजस्थान में कब प्रारंभ किया गया है?

CORRECT ANSWER

check_circle2005-06

B2007-08

C1997-98

D2009-10

EXPLANATION

- मगरा क्षेत्रीय कार्यक्रम राज्य के 5 जिलों यथा अजमेर, भीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़, राजसमंद एवं पाली की कुल 14 पंचायत समितियों में 2005-06 से प्रारंभ किया गया।

Q6.

राजस्थान में अकाल का प्राकृतिक कारण है-

Aमरुस्थलीकरण

Bउच्च तापमान

Cवर्षा की अपर्याप्तता एवं अनियमितता

CORRECT ANSWER

check_circleउपर्युक्त सभी

EXPLANATION

- राजस्थान में अकाल के प्राकृतिक कारण निम्न हैं-
1) प्राकृतिक स्वरूप एवं जलवायु
2) मरुस्थलीकरण
3) रेतीली मृदा का विस्तार
4) बालुका स्तूप युक्त क्षेत्र
5) पश्चिमी मरुस्थलीय धरातल
6) उच्च तापमान
7) पश्चिमी हवाओं तथा तापक्रमीय विभेदन
8) कम आर्द्रता, अधिक वाष्पीकरण

Q7.

राजस्थान में सूखा एवं अकाल से निपटने हेतु ‘सहायता विभाग’ की स्थापना कब की गई?

A1950

CORRECT ANSWER

check_circle1951

C1955

D1961

EXPLANATION

- राजस्थान में सूखा व अकाल से निपटने हेतु ‘सहायता विभाग’ की स्थापना 1951 में की गई।
- 31 अक्टूबर, 2003 से ‘सहायता विभाग’ का नाम बदलकर ‘आपदा प्रबंधन एवं सहायता विभाग’ कर दिया गया।
- आपदा प्रबंधन एवं सहायता विभाग का मुख्यालय जयपुर में हैं।

Q8.

विश्व मरुस्थलीकरण और सूखा रोकथाम दिवस कब मनाया जाता है?

A12 जून

CORRECT ANSWER

check_circle17 जून

C17 जुलाई

D17 अगस्त

EXPLANATION

- प्रत्येक वर्ष 17 जून को ‘विश्व मरुस्थलीकरण और सूखा रोकथाम दिवस’ मनाया जाता है।

Q9.

‘मगरा क्षेत्र विकास कार्यक्रम’ राजस्थान के किन जिलों के युग्म से संबंधित है?

Aभीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़, बाड़मेर, जैसलमेर, टोंक

Bजोधपुर, अजमेर, राजसमंद, कोटा, बाराँ

Cचित्तौड़गढ़, बाड़मेर, राजसमंद, कोटा, टोंक

CORRECT ANSWER

check_circleअजमेर, भीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़, पाली, राजसमंद

EXPLANATION

- ‘मगरा क्षेत्र विकास कार्यक्रम’ राजस्थान के पाँच जिलों यथा अजमेर, भीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़, राजसमंद व पाली जिलों की 14 ग्राम पंचायत समितियों के 1,426 ग्रामों को सम्मिलित किया गया है।

Q10.

निम्न में से कौन-सा राजस्थान में मरुस्थलीकरण का कारण है?

Aजलवायु की कठोरता

Bवायु अपरदन में वृद्धि

Cभू-जल स्तर में गिरावट

CORRECT ANSWER

check_circleउपर्युक्त सभी

EXPLANATION

- मरुस्थलीकरण का मुख्य कारण है-
1) जलवायु की कठोरता
2) वनस्पति का अभाव
3) जनसंख्या की वृद्धि
4) अनियंत्रित पशुचारण
5) भू-जल स्तर में गिरावट
6) निरंतर सूखा पड़ना
7) भू-क्षरण
8) वायु अपरदन में वृद्धि
9) जहाँ सिंचाई का विस्तार है वहाँ लवणता, जल संचयन, जल रिसाव की समस्या
10) संसाधनों का अत्यधिक शोषण

Q11.

हरियाली परियोजना का शुभारम्भ कब किया गया?

A27 जनवरी, 2002

CORRECT ANSWER

check_circle27 जनवरी, 2003

C27 फरवरी, 2002

D27 फरवरी, 2003

EXPLANATION

- हरियाली परियोजना का शुभारम्भ 27 जनवरी, 2003 को किया गया था।
- ‘हरियाली परियोजना’ का मुख्य उद्देश्य जल संग्रहण योजनाओं का क्रियान्वयन, वर्षा जल का संचयन, पेयजल की समस्या का निवारण, सिंचाई हेतु जल की व्यवस्था, वृक्षारोपण तथा मत्सय पालन को प्रोत्साहन आदि है।

Q12.

राजस्थान में सूखे व अकाल का मानवीय कारण है-

Aवनों की अनियंत्रित कटाई

Bभू-जल का अंधाधुंध विदोहन

Cअनियंत्रित पशुचारण

CORRECT ANSWER

check_circleउपर्युक्त सभी

EXPLANATION

- राजस्थान में सूखे व अकाल के मानवीय कारण निम्न है-
1) भू-जल का अंधाधुंध विदोहन
2) पारिस्थितिकी असंतुलन
3) वनों की अनियंत्रित कटाई
4) अनियंत्रित पशुचारण
5) अति पशुचारण

Q13.

डांग-क्षेत्रीय विकाय कार्यक्रम निम्न में से किन जिलों के युग्म से संबंधित है?

CORRECT ANSWER

check_circleभरतपुर, कोटा, सवाई माधोपुर, करौली

Bजयपुर, कोटा, भरतपुर, अजमेर

Cजैसलमेर, जोधपुर, बाड़मेर, जालोर

Dकोटा, बूँदी, झालावाड़, बाँसवाड़ा

EXPLANATION

- डांग-क्षेत्रीय विकास कार्यक्रम केन्द्र सरकार द्वारा 1987-88 में राज्य के भरतपुर, धौलपुर, करौली, सवाई माधोपुर, बाराँ बूँदी, झालावाड़, कोटा जिलों की 332 ग्राम पंचायतों में बीहड़ों के विसतार को रोकने के लिए यह कार्यक्रम शुरू किया गया था।

Q14.

भारत के मरुस्थल का कुल भू-भाग राजस्थान में कितना प्रतिशत है?

CORRECT ANSWER

check_circle58.68 प्रतिशत

B67.58 प्रतिशत

C55 प्रतिशत

D50 प्रतिशत

EXPLANATION

- भारत के मरुस्थल के कुल भाग का राजस्थान में 58.68 प्रतिशत है। जिसके अंतर्गत राजस्थान के 12 जिले आते हैं- बाड़मेर, जैसलमेर, बीकानेर, श्रीगंगानगर, जोधपुर, जालोर, चूरू, नागौर, सीकर, पाली, हनुमानगढ़, झुंझुनूँ आदि।

Q15.

राजस्थान के मरुस्थल को किस नाम से जाना जाता है?

Aगोबी मरुस्थल

Bसहारा मरुस्थल

Cअरावली मरुस्थल

CORRECT ANSWER

check_circleथार का मरुस्थल

EXPLANATION

- राजस्थान के मरुस्थल को थार के मरुस्थल के नाम से जाना जाता है जो राज्य के कुल क्षेत्रफल का 61.11 प्रतिशत तथा भारत के कुल मरुस्थल का 58.68 प्रतिशत है।

Q16.

निम्न कथनों पर विचार कीजिए-
1) मरुस्थल विकास को रोकने के लिए सरकार ने वर्ष 1971 में ऑपरेशन खेजड़ा अभियान प्रारम्भ किया।
2) केन्द्रीय मरु क्षेत्र अनुसंधान संस्थान (काजरी) की स्थापना वर्ष 1959 में जोधपुर में की गई।
3) सूखा-संभवित क्षेत्र कार्यक्रम वर्तमान में 11 जिलों में 32 खण्डों में चलाया जा रहा है।
4) राष्ट्रीय जल ग्रहण क्षेत्र विकास कार्यक्रम (NWDP) वर्ष 1990-91 से राजस्थान के 10 जिलों में शुरू किया गया।
5) मरु विकास कार्यक्रम में वर्तमान समय में केन्द्र सरकार की 100 प्रतिशत हिस्सेदारी से चलाया जाता है।
कूट:-

Aकथन 1, 2, 3, 4 सही है तथा कथन 5 गलत है

Bकथन 2, 3, 4, 5 सही है तथा कथन 1 गलत है

CORRECT ANSWER

check_circleकथन 2, 3, 4 सही है तथा कथन 1, 5 गलत है।

Dसभी कथन सत्य है

EXPLANATION

- मरुस्थल विकास को रोकने के लिए सरकार द्वारा वर्ष 1991 में ऑपरेशन खेजड़ा अभियान प्रारम्भ किया गया।- मरु विकास कार्यक्रम 1 अप्रैल, 1999 से कोष आवंटन का तरीका बदलकर 75 प्रतिशत केन्द्र सरकार व 25 प्रतिशत राज्य सरकार द्वारा देय की गई।

Q17.

राजस्थान में मरु विकास कार्यक्रम किस सन् से प्रारम्भ हुआ?

A1960-61

B1990-91

CORRECT ANSWER

check_circle1977-78

D2008-09

EXPLANATION

- मरु विकास कार्यक्रम (DDP) को राजस्थान में 1977-78 में शुरू किया गया था।
- यह वर्तमान में 16 जिलों में क्रियान्वित है- चूरू, श्रीगंगानगर, बीकानेर, जैसलमेर, बाड़मेर, जोधपुर, जालोर, नागौर, पाली, अजमेर, उदयपुर, राजसमंद, सिरोही, झुंझुनूँ, सीकर व जयपुर।

Q18.

राजस्थान में ‘त्रिकाल’ का संबंध है-

Aसिंचाई की सुविधाओं का विस्तार

Bचारा, अकाल व सूखा

CORRECT ANSWER

check_circleअन्न, चारा व पानी

Dजल, घास व बेरोजगारी

EXPLANATION

- राजस्थान में अकाल के निम्न कारण है-
1) अन्न अकाल – कृषि उपज का न होना।
2) जल अकाल – जल का अभाव।
3) त्रिकाल – अन्न, जल, चारे का अभाव।
4) तृणकाल – घास व चारे का अभाव।

Q19.

राजस्थान में ‘सूखा सम्भाव्य क्षेत्र कार्यक्रम’ किस वर्ष प्रारम्भ किया गया था?

A1961-62

CORRECT ANSWER

check_circle1974-75

C1964-65

D1984-85

EXPLANATION

- सूखा सम्भाव्य क्षेत्र कार्यक्रम (DOAP) यह कार्यक्रम 1974-75 में केन्द्र प्रवर्तित कार्यक्रम के रूप में शुरू किया गया जिसका मुख्य उद्देश्य सूखा संभाव्य क्षेत्रों में भूमि, जल एवं अन्य प्राकृतिक संसाधनों का विकास करके पर्यावरण संतुलन को बहाल करना है। वर्तमान समय में यह कार्यक्रम वित्तपोषण केन्द्र और राज्य सरकारों के बीच 75:25 के आधार पर बाँटा गया है।

Q20.

राजस्थान में भीषणतम अकाल ‘छपनिया अकाल’ कब पड़ा?

A1882 ई.

CORRECT ANSWER

check_circle1899 ई.

C1982 ई.

D1999 ई.

EXPLANATION

- राजस्थान में सबसे भयंकर अकाल 1899 ई. में पड़ा। उस वर्ष विक्रम संवत् 1956 होने के कारण यह अकाल ‘छपनिया अकाल’ के नाम से जाना गया।

Q21.

छपनियाँ अकाल के मुख्य लक्षण थे-
1) मनुष्यों के भोजन सामग्री की अनुपलब्धता
2) सिंचाई सुविधाओं का विस्तार
3) पशुओं के चारों की उपलब्धता
4) पीने के पानी की अनुपलब्धता
5) कृषि उपज का न होना

Aकथन 1, 2, 3, 4 सही तथा 5 गलत है।

Bकथन 1, 3, 4, 5 सही तथा 2 गलत है।

CORRECT ANSWER

check_circleकथन 1, 4, 5 सही तथा 2, 3 गलत है।

Dसभी कथन सत्य है।

EXPLANATION

 - राजस्थान में छपनिया अकाल के मुख्य कारण निम्न थे-
1) कृषि उपज का न होना
2) मनुष्यों के भोजन सामग्री की अनुपलब्धता
3) पीने के पानी की अनुपलब्धता
4) पशुओं के चारें की अनुपलब्धता